Vastu Tips in Hindi: घर के किस दिशा में क्या होना चाहिए?

0
695
Vastu Tips in Hindi

Vastu Tips in Hindi: घर बनाते वक्त हम किसी न किसी रूप में वास्तु से संबंधित बातों का ख्याल जरूर रखते हैं। किसी भी घर में वास्तु का महत्व (Important of Vastu) का विशेष ख्याल रखा जाता है ताकि घर के किसी सदस्य पर कोई विकट परिस्थिति ना आए। यदि घर में किसी भी प्रकार का वास्तु दोष (Vastu Dosh) हो तो गृह स्वामी को कई प्रकार की समस्याओं का सामना करना पड़ता है।

Vastu Tips in Hindi

घर की पूर्व दिशा – घर के पूर्व दिशा को हमेशा ही शुभ माना जाता है। इस दिशा से घर में सकारात्मक और ऊर्जायुक्त किरणें घर में प्रवेश करती हैं। घर का मुख्य द्वार पूर्व दिशा में होने से घर में हमेशा शुभता प्रवेश करती है। यदि इस दिशा में मेनगेट लगाना संभव ना हो तो कम से कम खिड़की जरूर लगाएं।

घर की पश्चिम दिशा – घर बनाते समय रसोईघर या टॉयलेट के वास्तु का भी ध्यान रखना चाहिए। रसोईघर या टॉयलेट हमेशा पश्चिम दिशा में होना चाहिए। इस बात का भी ध्यान रखें कि रसोईघर और टॉयलेट बिलकुल आस-पास न हो और दोनों का गेट एक-दूसरे के सामने ना खुलता हो।

घर की उत्तर दिशा – घर की उत्तर दिशा में सबसे ज्यादा खिड़की और दरवाजे लगाने चाहिए। घर की बालकनी और वॉश बेसिन भी इसी दिशा में लगाना शुभ होता है। इस दिशा में यदि घर मुख्यद्वार हो तो उत्तम होता है।

घर की दक्षिण दिशा – दक्षिण दिशा में किसी भी प्रकार का खुलापन, शौचालय आदि बहुत अशुभ माना जाता है। घर में इस स्थान पर भारी और वजनयुक्त सामान रखें। यदि दक्षिण दिशा में द्वार या खिड़की है तो घर में नकारात्मक ऊर्जा रहेगी। इससे घर में और सदस्यों के बीच क्लेश बढ़ने की संभावना रहती है।

घर की उत्तर-पूर्व दिशा – इस दिशा को ईशान दिशा भी कहा जाता है। घर की यह दिशा जल का स्थान होता है। इस दिशा में बोरिंग, स्वीमिंग पूल, पूजास्थल आदि होना बहुत शुभ माना जाता है।

घर की उत्तर-पश्चिम दिशा – इसे वायव्य दिशा या कोण भी कहा जाता है। घर के उत्तर-पश्चिम दिशा में बेडरूम, गैरेज, गौशाला आदि होना चाहिए।

घर की दक्षिण-पूर्व दिशा – इसे घर का आग्नेय कोण भी कहा जाता है। यह दिशा अग्नि तत्व की दिशा है। इस दिशा में गैस, बॉयलर, ट्रांसफॉर्मर आदि होना चाहिए।

घर की दक्षिण-पश्चिम दिशा – इस दिशा को नैऋत्य दिशा कहते हैं। इस दिशा में खुलापन अर्थात खिड़की, दरवाजे बिलकुल ही नहीं होना चाहिए। घर के मुखिया का कमरा यहां बना सकते हैं। इस प्रकार घर के वास्तु का ख्याल रखने से घर में हमेशा सुख-शांति बनी रहती है।